
झूठे वादे झूठी बातें झूठा प्यार नहीं करना
झूठे वादे झूठी बातें झूठा प्यार नहीं करना।
आँसू सब बेमोल बिकें ऐसा व्यापार नहीं करना।
बौने सब हों जाएँ रिश्ते वो आकार नहीं करना,
दिल में चाह नहीं हो तो फिर कोरा भार नहीं करना।
माना तुम बिन नामुमकिन है इक पल भी जीना लेकिन,
मेरी इस कमजोरी को अपना हथियार नहीं करना।
जीत चुके हो युद्ध कई कान्हा लेकिन विनती सुन लो,
नाजुक ये दिल की गगरी है इस पर वार नहीं करना।
कितना भी ऊँचा कद हो बस इतना याद सदा रखिए,
अपने से छोटों से भी दोयम व्यवहार नहीं करना।
हमको ऊँची रखनी है जीवन जीने की सब शर्तें,
दरबारों में शीश झुके ऐसा किरदार नहीं करना।
रश्मि परिक्षा लेगा जीवन पग पग पर यह लेकिन,
तुम डर कर कठिनाई से झुकना स्वीकार नहीं करना।
©®रश्मि ममगाईं
उत्तराखंड
